बालाघाट में धान खरीदी में अनियमितता की शिकायत पर ईओडब्ल्यू ने जिले में छापामार कार्रवाई की है। जबलपुर की ईओडब्ल्यू टीम ने सोमवार को बैहर तहसील के बिरसा स्थित मोहगांव में दो सहकारी समितियों में एक साथ छापेमारी की। डीएसपी ए.व्ही. सिंह के नेतृत्व में टीम ने आदिम जाति सेवा सहकारी समिति और विपणन समिति की जांच शुरू की। कार्रवाई के दौरान समिति के गेट पर तालाबंदी कर दी गई। किसी को भी अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई। तहसीलदार राजूसिंह नामदेव भी इस दौरान मौजूद रहे। ईओडब्ल्यू के अधिकारियों ने कार्रवाई की जानकारी देने से इनकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में सभी जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों से ही ली जा सकती है। धान खरीदी केंद्र के कर्मचारी ने की थी आत्महत्या दरअसल, 28 जनवरी को चरेगांव समिति के धान खरीदी केंद्र में कार्यरत कर्मचारी जितेंद्र बिसेन ने आत्महत्या कर ली थी। इस मामले में विधायक मधु भगत और मृतक के परिजनों ने प्रदर्शन किया था। पुलिस ने सुसाइड नोट के आधार पर ट्रांसपोर्टर, सोसाइटी कर्मचारी और अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया था। बीते साल भी धान खरीदी पर उठे थे सवाल बालाघाट जिले में बीते साल जिले में समर्थन मूल्य पर 1 लाख 9 हजार 961 किसानों से 5 लाख 49 हजार 962 मीट्रिक टन धान की खरीदी गई थी। इसके बावजूद शार्टेज की शिकायतें मिलीं थीं।