DGP कैलाश मकवाणा “सेवा और संवेदना” के व्यक्तित्व

डीजीपी की वर्दी के पीछे एक मानव हृदय धड़कता है जो अपनों और आमजन की पीड़ा को समझता है

मध्यप्रदेश पुलिस के मुखिया DGP श्री कैलाश मकवाणा ने हाल ही में एक ऐसा उदाहरण पेश किया, जिसने पुलिस प्रशासन की छवि को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा दिया। एक सड़क हादसे में घायल अपने बचपन के मित्र ASI सुरेश उर्फ हनुमान से अस्पताल जाकर मुलाकात कर श्री मकवाणा यह स्पष्ट कर दिया कि रिश्ते और संवेदनाएं किसी भी पद से बड़ी होती हैं।

डीजीपी कैलाश मकवाणा ने उज्जैन के अस्पताल पहुंचकर न केवल मित्र का हालचाल जाना, बल्कि यह संदेश भी दिया कि वर्दी के पीछे एक मानव हृदय धड़कता है जो अपनों और आमजन की पीड़ा को समझता है।

DGP कैलाश मकवाणा की सरलता और मानवीय व्यवहार से पूरा प्रदेश गौरवान्वित महसूस करता है। डीजीपी कैलाश मकवाणा “सेवा और संवेदना” के व्यक्तित्व है, प्रदेश की जनता को ऐसे ही IPS, IAS, IFS, IRS, अधिकारियों की जरूरत है, जो न केवल कानून के रखवाले हों, बल्कि जनता की आवाज भी सुनते हों। डीजीपी कैलाश मकवाणा एक उदाहरण है कि कैसे बड़ा पद भी विनम्रता के साथ निभाया जा सकता है।