वाह रे भाजपा ये कैसे संस्कार जिसने सिरमौर बनाया उसी को भिखारी बना दिया बोले नारायण त्रिपाठी पूर्व विधायक मैहर नारायण त्रिपाठी ने मंत्री प्रहलाद पटेल आड़े हाथों लेते हुए कहा कि प्रहलाद पटेल की ये भाषा कोई नई नहीं है। हिटलर शाही बयान उनके राजनीति का हिस्सा रहे है। श्री त्रिपाठी ने कहा कि आश्चर्य की बात यह है कि बिना तोल मोल के बोलने वाले लोग जब कटघरे में खड़े होने लगते है तो बड़ी सफाई से निरंक झूठ बोलते है और फक्र से कह देते है कि उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर पेश किया है। ऐसे लोग यह भूल जाते है कि उनके वक्तव्य तीसरी आंख में कैद है उनके बोल स्पष्ट है फिर तोड़ मरोड़ कैसा। कितनी शर्मनाक बात है कि एक संस्कारी पार्टी के संस्कारी नेता उस देव तुल्य जनता को कहता है कि आपकी आदत भीख मांगने की पड़ चुकी है ये आदत अच्छी नहीं आपलोग जहां देखो कागजों में शिकायतों का बंडल लेके पहुंच जाते हो। श्री त्रिपाठी ने कहा कि ऐसे लोगों को जनता को ये भी बताना चाहिए कि जनता ने भरोसा करके अपना प्रतिनिधित्व तो आपको सौंपा है तो अपनी पीड़ा अपना कष्ट अपनी परेशानियां किससे कहने बताने जायेगा। दोष प्रहलाद पटेल का नहीं है दोष उस भोली भाली जनता का है जो बार बार भाजपा के लपेटे में फंस जाती है और गुनाहगार भी बन रही है। कही न कही ये भाजपा का असली चेहरा है जो समय समय पर उनके नेताओं के चेहरे से बेनकाब हो जाता है। नारायण त्रिपाठी ने कहा कि मंत्री प्रहलाद पटेल के बयान पर भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को यह बात क्लियर करना चाहिए जनता जनार्दन को बताना चाहिए कि यह बयान प्रहलाद पटेल का निजी बयान है या भाजपा का आधिकारिक बयान है। अगर ये बिगड़े बोल नेता प्रहलाद पटेल के है तो यह भोली भाली जनता जिसने भाजपा पर अटूट विश्वास्व उसका घोर अपमान है इसके लिए उनपर करवाई की जानी चाहिए और अगर यह पार्टी का आधिकारिक बयान था तो सभी को वक्त का इंतजार करना चाहिए क्योंकि साम्राज्य तो रावण और कंश का नहीं रहा तो भाजपा क्या चीज है। श्री त्रिपाठी ने कहा मंत्री प्रहलाद पटेल का यह बयान आपत्तिजनक है घोर निंदनीय कार्रवाई के योग्य है। जनता को भिखारी बताने वाले नेता यह जान ले कि जिस दिन जनता ने उन्हें दिलों दिमाग में बैठा लिया उस दिन ऐसे नेताओं का क्या पूरी पार्टी भिखारी नजर आएगी। Post navigation कौशलेंद्र विक्रम सिंह को सफल GIS प्रबंधन पर सीएम और सीएस की शाबाशी बजट 2025 – सस्ता-महंगा:इलेक्ट्रिक कारें, फोन, LED, 36 जीवनरक्षक दवाएं सस्ती; सोना-चांदी में बदलाव नहीं