‘वॉर 2 ’ इस साल की सबसे बड़ी स्पाई-एक्शन फिल्म कही जा रही थी। ऋतिक रोशन, जूनियर एनटीआर, कियारा आडवाणी और अनिल कपूर जैसे सितारों के साथ उम्मीदें भी आसमान पर थीं। लेकिन फिल्म जहां विजुअली और एक्शन के मामले में इंटरनेशनल लेवल पर खरा उतरती है, वहीं कहानी और इमोशनल कनेक्ट में कमजोर साबित होती है। इस फिल्म की लेंथ 2 घंटा 41 मिनट है। इस फिल्म को दैनिक भास्कर ने 5 में से 2 स्टार की रेटिंग दी है। फिल्म की कहानी क्या है? फिल्म की शुरुआत कबीर (ऋतिक रोशन) से होती है, जिसे एक कॉन्ट्रैक्ट किलिंग करते दिखाया जाता है। वह ‘कली’ नाम के नेटवर्क के साथ मिलकर काम करता है और इसी प्लान के तहत कर्नल लूथरा (आशुतोष राणा) की हत्या कराई जाती है। दूसरी ओर, रघु उर्फ मेजर विक्रम (जूनियर एनटीआर) का मिशन कबीर को खत्म करना है। लेकिन कहानी ट्विस्ट लेती है जब पता चलता है कि कबीर और रघु के बीच बचपन का रिश्ता है। एक देश के खिलाफ खड़ा है तो दूसरा देश के लिए योद्धा बनकर लड़ रहा है। आखिरकार क्लाइमेक्स में कौन जीतेगा और कौन हारेगा, यही सस्पेंस फिल्म को आखिर तक पकड़कर रखता है। स्टारकास्ट की एक्टिंग कैसी है? ऋतिक रोशन एक बार फिर स्टाइलिश और पावरफुल लगे हैं, उनके एक्शन सीन्स देखने लायक हैं। जूनियर एनटीआर ने मेजर विक्रम के किरदार में दम दिखाया है और उनका इमोशनल एंगल कहानी को वजन देता है। कियारा आडवाणी को स्क्रीन स्पेस कम मिला, पर उन्होंने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। अनिल कपूर का रोल दिलचस्प है, लेकिन उम्मीद से कम, उनका ट्रैक और बढ़ाया जा सकता था। आशुतोष राणा हमेशा की तरह मजबूत लगे। फिल्म का डायरेक्शन और तकनीकी पहलू कैसा है? अयान मुखर्जी का निर्देशन भव्य है। हाई-ऑक्टेन एक्शन सीक्वेंसेज, विदेशी लोकेशंस और बड़े पैमाने पर शूट किए गए सेट, फिल्म को ग्लोबल लुक देते हैं। कुछ एक्शन सीन तो वाकई edge-of-the-seat हैं। मगर 2 घंटा 41 मिनट की लंबाई भारी पड़ती है। स्क्रीनप्ले कमजोर है और कई जगह फिल्म जरूरत से ज्यादा लाउड लगती है। एडिटिंग टाइट होती तो असर और गहरा होता। आलम ये था कि कब खत्म होगी फिल्म इसका इंतजार करना पड़ रहा था। इस फिल्म में फालतू के ट्विस्ट डालने की कोशिश की गई जो रोमांचक काम और बोरिंग ज्यादा लगते हैं। सिनेमैटिक लिबर्टी कुछ ज्यादा ही ली है, लॉजिक हवा में उड़ते हुए नजर आएगी, कई सीन बेमतलब के लगते हैं। फिल्म का म्यूजिक कैसा है? फिल्म के गाने ‘आवां जावां’ और ‘जनाबे अली’ पॉपुलर और पेप्पी हैं, जो थोड़ी रौनक लाते हैं। बैकग्राउंड स्कोर एक्शन सीक्वेंस को सही मूड देता है, लेकिन कहीं-कहीं रिपिटेटिव लगता है। फाइनल वर्डिक्ट, देखें या नहीं? अगर आप ऋतिक और जूनियर एनटीआर के बड़े परदे पर धमाकेदार एक्शन और इंटरनेशनल लेवल के विजुअल्स देखना चाहते हैं तो ‘वॉर 2’ आपके लिए है। लेकिन अगर आप ठोस कहानी, इमोशनल गहराई और कम ड्यूरेशन वाली फिल्म की तलाश में हैं, तो यह आपको थोड़ी लंबी और शोरगुल भरी लग सकती है। Post navigation फिल्म ‘कुली’ को लेकर फैंस में दिखा जबरदस्त उत्साह:रजनीकांत के पोस्टर पर फूल माला और दूध से किया अभिषेक, ढोल-नगाड़े की थाप पर नाचे शिल्पा शिरोडकर की कार को बस ने मारी टक्कर:एक्ट्रेस ने सिटीफ्लो कंपनी पर उठाए सवाल, कहा- ड्राइवर की जिम्मेदारी बताकर पल्ला झाड़ रहे हैं