ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 भले ही भोपाल में हुई हो, लेकिन इस दो दिनी आयोजन में इंदौर रीजन के लिए सर्वाधिक 9 सेक्टर से 29 एमओयू (इन्वेस्टमेंट करार) हुए हैं। इसके तहत नए ग्रुप सबसे ज्यादा उद्योग, शहरी विकास, पर्यटन और एमएसएमई के साथ हेल्थकेयर के लिए आएंगे। एमपीआईडीसी के कार्यकारी संचालक राजेश राठौर ने बताया कि ये वे एमओयू हैं, जो मौके पर ही किए गए। इसके अलावा दो दिनी मीटिंग में मुख्यमंत्री के साथ कई ग्रुप की व्यक्तिगत चर्चाएं भी हुई हैं, जिनके परिणाम भी जल्द सामने आएंगे। उद्योग विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक अलग-अलग सेक्टर के कुल 85 एमओयू हुए। इसमें इंदौर रीजन के 29 एमओयू हैं। रीजन में इंदौर के अलावा धार, झाबुआ, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, बड़वानी और आलीराजपुर शामिल हैं। वहीं उज्जैन रीजन के लिए तीन एमओयू हुए हैं। उल्लेखनीय है अब तक एक साल में प्रदेश में कुल 30.77 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव आ चुके हैं। इसमें जीआईएस में 26.61 लाख करोड़, इंटरेक्टिव सेशन में 1.82 लाख करोड़ और रीजनल इंडस्ट्री कानक्लेव में 2.34 लाख करोड़ के प्रस्ताव और इनसे कुल 21.40 लाख करोड़ के रोजगार मिलना संभावित है। इंदौर रीजन में किस सेक्टर में कौन सी कंपनी करेगी निवेश Post navigation मुंबई आना-जाना आसान होगा:उत्तर व दक्षिण की कनेक्टिविटी सुधरेगी, ट्रेनों की रफ्तार बढ़ेगी भोपाल में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट…:अंचल में रफ्तार नहीं पकड़ पा रहा निवेश, कारण- समस्याओं के समाधान में देरी, अफसरों का रवैया लचर और सुरक्षा को लेकर नहीं बदला माहौल