सिंगापुर की सॉवरेन इन्वेस्टमेंट फर्म टेमासेक ने हल्दीराम के स्नैक्स डिवीजन में 10% हिस्सेदारी खरीदी है। यह डील 1 बिलियन डॉलर (करीब 8,730 करोड़ रुपए) में हुई है। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने बुधवार को इस बात की जानकारी दी है। दोनों पक्ष कई महीनों से इस डील के लिए बातचीत कर रहे थे। अमेरिका की प्राइवेट इक्विटी (PE) ब्लैकस्टोन ने भी हल्दीराम में 20% हिस्सेदारी के लिए ऑफर दिया था, लेकिन ये ऑफर कम वैल्यूएशन पर था। इसलिए हल्दीराम ने यह डील टेमासेक के साथ फाइनल की। यह सेल भारत के फास्ट-मूविंग कंज्यूमर गुड्स (एफएमसीजी) क्षेत्र में हाल के सबसे बड़े लेन-देन में से एक है। बैंकर्स का कहना है कि हल्दीराम के प्रमोटर अगले साल के भीतर इनिशियल पब्लिक ऑफर (आईपीओ) लाने पर विचार कर रहे हैं। तीन फैमिली एनटीटी हल्दीराम ब्रांड ऑपरेट करती है भारत में हल्दीराम ब्रांड का संचालन दिल्ली, नागपुर और कोलकाता में स्थित तीन अलग-अलग फैमिली एनटीटी द्वारा किया जाता है। हालांकि, दिल्ली और नागपुर फैमिली ने अपने FMCG बिजनेस हल्दीराम स्नैक्स और हल्दीराम फूड्स इंटरनेशनल को एक सिंगल एनटीटी, हल्दीराम स्नैक्स फूड्स प्राइवेट लिमिटेड में मर्ज कर दिया है। हल्दीराम रेस्टोरेंट की एक चेन भी ऑपरेट करता है पैकेज्ड स्नैक्स के अलावा, हल्दीराम रेस्टोरेंट की एक चेन भी ऑपरेट करता है। कंपनी 500 प्रकार के स्नैक्स, नमकीन, मिठाइयां, रेडी टू ईट और प्री-मिक्स्ड फूड आइटम्स बेचती है। हल्दीराम ने वित्त वर्ष 24 में 12,800 करोड़ रुपए का रेवेन्यू हासिल किया था। स्नैक मार्केट 13% हिस्सेदारी, 1937 में हुई थी शुरुआत यूरोमॉनिटर इंटरनेशनल के अनुसार, भारत के 6.2 अरब डॉलर के स्नैक मार्केट में हल्दीराम की लगभग 13% हिस्सेदारी है। इसके स्नैक्स सिंगापुर और अमेरिका जैसे विदेशी बाजारों में भी बेचे जाते हैं। कंपनी के पास लगभग 150 रेस्तरां हैं। इसकी शुरुआत 1937 में एक दुकान से हुई थी। Post navigation सोना ₹211 बढ़कर ₹86,235 पर पहुंचा:चांदी ₹998 महंगी होकर ₹97,624 किलो बिक रही, कैरेट के हिसाब से देखें गोल्ड की कीमत ₹1,000 करोड़ का IPO लाएगी क्रिजैक लिमिटेड:SEBI ने ड्राफ्ट पेपर्स को अप्रूवल दिया; स्टूडेंस्ट्स को एजुकेशन सर्विस प्रोवाइड करती है कंपनी