भिंड जिले के मिहोना कस्बे स्थित शासकीय गांधी महाविद्यालय में पदस्थ एक क्लर्क प्रताड़ना से परेशान हो गया। कॉलेज परिसर में उसकी तबीयत बिगड़ने पर उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में उपचार के बाद क्लर्क के स्वास्थ्य में सुधार हुआ। इसके बाद उसने हेडक्लर्क पर प्रताड़ना का आरोप लगाया। क्लर्क का कहना है कि जब वह अस्वस्थ होने की बात करता है, तो हेडक्लर्क कहते हैं कि “तुम अस्पताल में नहीं, श्मशान में ठीक होगे।” जानकारी के अनुसार, आर्य नगर निवासी मनोज दीक्षित (50) ने बताया कि वह मिहोना के शासकीय गांधी महाविद्यालय में क्लर्क के पद पर कार्यरत हैं। उनका आरोप है कि पिछले दो-तीन वर्षों से कॉलेज के हेडक्लर्क जितेंद्र सिंह उन्हें लगातार प्रताड़ित कर रहे हैं। वे मारपीट करते हैं और नाश्ते व शराब के लिए पैसे की मांग करते हैं। स्वास्थ्य खराब होने पर छुट्टी मांगने पर वे कहते हैं कि “तुम्हारा इलाज अस्पताल में नहीं होगा, श्मशान जाओ।” पीड़ित मनोज दीक्षित ने बताया कि सोमवार को जब वह कॉलेज गए, तो हेडक्लर्क ने उन्हें मानसिक रूप से परेशान करना शुरू कर दिया। इससे उनका रक्तचाप बढ़ गया और वे कॉलेज में बेहोश होकर गिर पड़े। तबीयत बिगड़ने पर कॉलेज स्टाफ ने एंबुलेंस के माध्यम से उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका उपचार चल रहा है। पीड़ित का कहना है कि स्वास्थ्य में सुधार होने के बाद वे इस मामले की लिखित शिकायत पुलिस, कलेक्टर और अन्य अधिकारियों से करेंगे। इन आरोपों के संबंध में कॉलेज के हेडक्लर्क जितेंद्र सिंह से संपर्क करने का प्रयास किया गया। बार-बार फोन किया गया, लेकिन उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।