कहा- शादीशुदा पीड़िता ने तलाक दिया नहीं, सहमति से संबंध बनाए महिला 2016 से पति से अलग रह रही, 2020 से 2023 तक आरोपी के साथ रहे संबंध हाई कोर्ट ने पुलिस थाना थाटीपुर में दर्ज दुष्कर्म की एफआईआर को निरस्त कर दिया। 40 वर्षीय महिला ने ऑटो चालक अनिल शर्मा के खिलाफ शादी का झांसा देकर 2020-23 के बीच कई बार संबंध बनाने का आरोप लगाया।
कोर्ट ने आरोपी की एफआईआर निरस्त करने की याचिका को स्वीकार करते हुए कहा – पीड़ित महिला शादीशुदा है। वह इस बात से भलीभांति परिचित थी कि पहले पति से तलाक लिए बिना वह दूसरा विवाह नहीं कर सकती। इसके बाद भी वह लगातार आरोपी से मिलती रही। ऐसा प्रतीत होता है कि दोनों के बीच संबंध आपसी सहमति से बने हैं। ऐसे में ये नहीं माना जा सकता कि पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया हो। एक जून 2024 को दर्ज एफआईआर में पीड़िता ने बताया कि वह 2016 से पति से अलग रह रही है। उसके एक बेटी भी है। बाजार आने-जाने के लिए वह ऑटो का उपयोग करती थी, जहां उसकी ऑटो चालक अनिल से मुलाकात हुई। सफर के दौरान बातचीत में अनिल को पता चला कि वह अपने पति के साथ नहीं रहती। इसके बाद में वह उसके घर आने लगा और बाद में शादी करने का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने लगा। दिसंबर 2023 में जब पीड़िता ने अनिल से शादी करने के लिए जोर दिया तो उसने कहा कि उसका बेटा जेल में है। वह किसी भी कीमत पर उससे शादी नहीं करेगा। मामले को ज्यादा तूल दिया तो वह उसकी और उसकी बेटी की हत्या करा देगा।