कर्नाटक बेस्ड सॉफ्टवेयर सर्विस कंपनी एक्सेलसॉफ्ट टेक्नोलॉजीस लिमिटेड जल्द ही अपना इनिशियलपब्लिक ऑफरिंग यानि IPO ला रही है। कंपनी ने मार्केट रेगुलेटर सिक्योरिटी एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया यानी SEBI के पास ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) फाइल किया है। एक्सेलसॉफ्ट टेक्नोलॉजीस लिमिटेड IPO से 700 करोड़ रुपए जुटाएगी। इसमें फ्रेश इश्यू के जरिए 210 करोड़ रुपए के नए शेयर जारी होंगे। इसके साथ ही कंपनी के मौजूदा प्रमोटर ऑफर फॉर सेल (OFS) में 490 करोड़ रुपए के शेयर बेंचेंगे। लर्निंग और असेसमेंट सेक्टर में काम करती है कंपनी
एक्सेलसॉफ्ट टेक्नोलॉजीस लिमिटेड उद्योगों के लिए स्पेशल सॉफ्टवेयर बनाती है। कंपनी को इस बिजनेस में 20 साल से ज्यादा का अनुभव है। ये ग्लोबल क्लाइंट्स के साथ लॉन्ग-टर्म कॉन्ट्रैक्ट पर काम करती है। 31 दिसंबर 2024 तक कंपनी के पास 17 देशों में 71 से ज्यादा क्लाइंट्स हैं। इनमें USA, UK, भारत, सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया, जापान, मलेशिया, सऊदी अरब, UAE और कनाडा शामिल हैं। प्री-IPO से भी पैसा जुटाने पर विचार कर रही कंपनी
कंपनी IPO से पहले प्री-IPO प्लेसमेंट के जरिए 270 करोड़ रुपए जुटाने पर विचार कर रही है। ऐसा होने पर प्री-IPO में जुटाई गई रकम को IPO में शामिल नए इश्यू या OFS के हिस्से से कम किया जाएगा। नई जमीन खरीदने में करेगी पैसे का इस्तेमाल
एक्सेलसॉफ्ट IPO से मिलने वाली रकम को.मैसूर में जमीन खरीदने और नए ऑफिस बिल्डिंग बनान में खर्च करेगी। इसके साथ ही मौजूदा ऑफिस में अपग्रेडेशन और इलेक्ट्रिकल सिस्टम सुधारने में और IT इंफ्रास्ट्रक्चर को अपग्रेड करने में भी पैसा खर्च किया जाएगा। बची रकम से जनरल कॉरपोरेट जरूरतों को पूरा किया जाएगा। FY24 में ₹198.3 करोड़ का रेवेन्यू एक्सेलसॉफ्ट ने वित्त वर्ष 2024 में अब तक 198.3 करोड़ रुपए का रेवेन्यू जनरेट किया। इसमें कंपनी को 12.75 करोड़ रुपए का शुद्ध मुनाफा (PAT) हुआ। कंपनी के शेयर बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर लिस्ट होंगे। IPO क्या होता है? जब कोई कंपनी पहली बार अपने शेयर्स को आम लोगों के लिए जारी करती है तो इसे इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग यानी IPO कहते हैं। कंपनी को कारोबार बढ़ाने के लिए पैसे की जरूरत होती है। ऐसे में कंपनी बाजार से कर्ज लेने के बजाय कुछ शेयर पब्लिक को बेचकर या नए शेयर इश्यू करके पैसा जुटाती है। इसी के लिए कंपनी IPO लाती है।