बैतूल के शासकीय छात्रावासों में कार्यरत अंशकालिक श्रमिकों की स्थिति दयनीय हो गई है। पिछले 6 महीने से उन्हें वेतन नहीं मिला है। इससे उनका घर चलाना मुश्किल हो गया है। कर्मचारियों को अपने बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाने में भी परेशानी हो रही है। कई लोगों को कर्ज लेकर अपना गुजारा करना पड़ रहा है। इस समस्या को लेकर भारतीय मजदूर संघ ने बैठक बुलाई। ‘न स्थायी किया गया, न समय पर मानदेय मिल रहा’ बैठक में संघ के पूर्व महामंत्री मधुकर साबले, विभाग प्रमुख विनय डोंगरे और जिलामंत्री पंजाबराव गायकवाड़ मौजूद रहे। श्रमिकों ने बताया कि वे वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं। संस्था खुलने से बंद होने तक पूरी मेहनत से काम करते हैं। फिर भी न तो उन्हें स्थायी किया गया और न ही समय पर मानदेय मिल रहा है। भारतीय मजदूर संघ के जिलामंत्री पंजाबराव गायकवाड़ ने सहायक आयुक्त को पत्र लिखा है। उन्होंने अंशकालिक कर्मचारियों का लंबित मानदेय जल्द से जल्द भुगतान करने की मांग की है। Post navigation Shraddha Kapoor’s video with rumoured boyfriend Rahul Mody from a wedding goes viral on the internet ग्वालियर डीआईजी का शिवपुरी दौरा:वार्षिक परेड में पुलिसकर्मियों की समस्याएं सुनीं, तीन थाना प्रभारियों का किया सम्मान