अप्रैल में भारत का डोमेस्टिक एयर ट्राफिक पिछले साल के इसी महीने की तुलना में 8.45% बढ़ा है। ये इस साल की सबसे धीमी ग्रोथ है। मार्च में यह 8.79% और फरवरी में 11.04% थी। डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन ने आज, यानी 21 मई को डेटा जारी किया। अप्रैल में कुल 143.16 लाख यात्रियों ने उड़ान भरी। मार्च में ये संख्या 145.42 लाख थी। यानी, पैसेंजर्स की संख्या में 2.26 लाख की कमी आई है। ये गिरावट 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के कारण है। हमले के बाद भारत के उत्तरी और पश्चिमी राज्यों में हवाई यातायात बाधित हो गया था। मार्केट शेयर में पहले नंबर पर इंडिगो, एयर इंडिया हिस्सेदारी बढ़ी इंडिगो 64.1% बाजार हिस्सेदारी के साथ पहले नंबर पर बनी हुई है। मार्च में भी बाजार हिस्सेदारी 64% रही रही। अप्रैल में 91.72 लाख यात्रियों ने एयरलाइन से सफर किया। मार्च में ये संख्या 93.09 लाख था। वहीं एअर इंडिया में यात्रियों की संख्या 38.9 लाख रही, जो पिछले महीने की 38.78 लाख से थोड़ी अधिक है। सबसे पंक्चुअल एयरलाइन रही इंडिगो इंडिगो लगातार पांचवें महीने सबसे पंक्चुअल एयरलाइन रही है। छह मेट्रो एरपोर्ट यानी, बेंगलुरु, दिल्ली, हैदराबाद, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता के लिए शेड्यूल्ड डोमेस्टिक एयरलाइन्स के ऑन-टाइम परफॉर्मेस (ओटीपी) के आधार पर पंक्चुअलिटी निकाली गई है। दिसंबर, जनवरी और फरवरी में भारी कोहरे के कारण उड़ानों में देरी के बाद मार्च में एयरलाइनों का ऑन-टाइम परफॉर्मेस बेहतर हुआ था। लेकिन, भारत-पाकिस्तान सैन्य संघर्ष और 20 अप्रैल के बाद रनवे 10/28 के अस्थायी रूप से बंद होने के कारण दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर फ्लाइट ऑपरेशन प्रभावित हुए। कैंसिलेशन मार्च की तुलना में 0.8% बढ़ा अप्रैल 2025 के लिए शेड्यूल्ड डोमेस्टिक एयरलाइन्स का ओवरऑल कैंसिलेशन रेट 0.64% रहा, जो मार्च में 0.56% से लगभग 0.8% अधिक है। लेकिन फरवरी और जनवरी के कैंसिलेशन रेट से कम है। फरवरी में कैंसिलेशन रेट 0.65% और जनवरी में 1.62% था। अप्रैल 2025 में उड़ानें रद्द होने का सबसे बड़ा कारण मौसम था। पिछले महीने सभी उड़ानों में से 38.8% मौसम संबंधी समस्याओं के कारण रद्द की गईं। टेक्निकल, ऑपरेशनल और अन्य कारणों से 25.8%, 22.3% और 11.7% कैंसिलेशन्स हुए। 910 शिकायतें मिली, सभी का समाधान किया अप्रैल 2025 के दौरान, एयरलाइन्स को कुल 910 पैसेंजर रिलेटेड कम्प्लेंट मिली।। अप्रैल में प्रति 10,000 यात्रियों पर शिकायतों की संख्या लगभग 0.64 रही है। शिकायतों का मुख्य कारण उड़ान संबंधी समस्याएं हैं। सभी शिकायतों का समाधान किया जा चुका है। Post navigation India’s oil imports from Russia surge to 10-month high on strong demand for light crude Explained: Why India is well positioned to deal with negative effects of Trump’s tariffs & top reasons it will be at an advantage