भारत में तुर्किये का बायकॉट लगातार बढ़ता जा रहा है। ट्रैवल एजेंसियों और व्यापारी संगठनों के बाद देश के प्रमुख ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म मिंत्रा और रिलायंस की स्वामित्व वाली Ajio ने भी तुर्किये का प्रोडक्ट बेचना बंद कर दिया है। इन प्लेटफॉर्म्स पर ये ब्रांड अब आउट ऑफ स्टॉक हो गए हैं। फ्लिपकार्ट सब-ब्रांड मिंत्रा सभी तुर्किये ब्रांड्स की बिक्री को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है। इसमें अलीबाबा की स्वामित्व वाली ट्रेंडयोल भी शामिल है। यह वुमन सेगमेंट में सबसे ज्यादा बिकने वाला इंटरनेशनल वेस्टर्न वियर लेबल है। इसी तरह, रिलायंस ने कोटन, एलसी वाइकिकी और मावी सहित सभी तुर्किये कपड़ा ब्रांड अपने पोर्टफोलियो से हटा लिया है। रिलायंस के प्रवक्ता ने कहा, हम अपने साथी नागरिकों के साथ एकजुटता में यह फैसला कर रहे हैं। हमने तुर्किये में अपना ऑफिस भी बंद कर दिया है।’ टूरिज्म-ट्रेड: हर मोर्चे पर तुर्किये का बायकॉट ट्रैवेल कंपनियां एडवाइजरी जारी कर चुकीं इससे पहले कई ऑनलाइन ट्रैवल बुकिंग कंपनियों ने अपने ग्राहकों के लिए एडवाइजरी जारी की थी। ईजमाईट्रिप ने कहा कि तुर्किये और अजरबैजान की यात्रा करने से बचें या तभी जाएं जब बहुत जरूरी हो। क्योंकि दोनों देशों ने पहलगाम हमले और भारत-पाकिस्तान के बीच संघर्ष में पाकिस्तान का सपोर्ट किया है। ईजमाईट्रिप के को-फाउंडर और प्रेसिडेंट निशांत पिट्टी ने पिछले हफ्ते एक X पोस्ट में लिखा था, हम दुश्मन को मजबूत नहीं करेंगे… ट्रैवल एक मजबूत टूल है, इसका उपयोग उन लोगों को मजबूत बनाने के लिए न करें जो हमारे साथ खड़े नहीं हैं। पिछले साल 287,000 भारतीयों ने तुर्किये की यात्रा की और 243,000 लोग अजरबैजान गए। इन दोनों देशों की अर्थव्यवस्था में टूरिज्म का बड़ा योगदान है। टूरिज्म तुर्किये की GDPमें 12% का योगदान करता है 10% लोगों को रोजगार देता है। जबकि, अजरबैजान की GDP में इसका योगदान 7.6% है और यह 10% रोजगार देता है। जब ये देश खुलेआम पाकिस्तान का समर्थन करते हैं, तो क्या हमें उनके पर्यटन और उनकी अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना चाहिए? विदेश में खर्च किया गया हर एक रुपया एक वोट है। आइए इसे वहां खर्च करें जहां हमारे मूल्यों का सम्मान हो। ———————————- ये खबर भी पढ़ें… तुर्किये के खिलाफ भारत में बायकॉट अभियान तेज: सेब-मार्बल पर रोक, ट्रैवल कंपनियों ने यात्रा बुकिंग बंद की; दोनों देशों पर क्या और कितना असर पाकिस्तान को सपोर्ट करने के कारण तुर्किये का भारत में बायकॉट हो रहा है। न केवल ट्रैवल कैंसिलेशन बढ़े हैं, बल्कि सेब और मार्बल सहित तुर्किये से इंपोर्ट किए जाने वाले हर सामान का बायकॉट किया जा रहा है। 16 मई को कंफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT ) ने तुर्किये और अजरबैजान के साथ व्यापार खत्म करने की घोषणा की। दिल्ली में हुई मीटिंग में देश के 24 राज्यों से बिजनेस लीडर्स ने भाग लिया। CAIT ने गुरुवार को कहा था कि जो देश भारत के खिलाफ हैं उसके साथ व्यापार करने का कोई सवाल ही नहीं है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… तुर्किए की फर्म से अडाणी ने पार्टनरशिप खत्म की: मुंबई-अहमदाबाद एयरपोर्ट पर सर्विसेज देती है सेलेबी एविएशन, तुर्किए ने पाकिस्तान का सपोर्ट किया था अडाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स ने मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट और अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ग्राउंड हैंडलिंग सर्विसेज के लिए तुर्किए की फर्म सेलेबी के साथ अपनी पार्टनरशिप खत्म कर दी है। भारत के सिविल एविएशन सिक्योरिटी ब्यूरो (BCAS) के एक नोटिफिकेशन के बाद ये पार्टनरशिप खत्म की गई है। 15 मई को BCAS ने सेलेबी का सिक्योरिटी क्लीयरेंस कैंसिल कर दिया था। ऐसे में सेलेबी को तुरंत सभी ग्राउंड हैंडलिंग फैसिलिटीज अडाणी को ट्रांसफर करनी होगी। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… Post navigation भारत-पाक संघर्ष का हीरो बना आकाशतीर डिफेंस सिस्टम:इसे स्वदेशी आयरन डोम कहा जा रहा, मिसाइल और ड्रोन को कुछ सेकेंड में मार गिराने में सक्षम Gensol CFO Jabirmahendi Mohammedraza Aga resigns amid mounting crisis and regulatory heat